विश्व विकलांग दिवस (3 दिसंबर) पर विशेष, ‘तन से अक्षम पर मन से हूं सक्षम’ 

 रामनगरी की एक दिव्यांग लड़की की कहानी, जानकर हैरान रह जायेंगे…

मिस ग्लैमरस और दिव्यांग श्री अवार्ड हासिल करने वाली चंद्रा गौतम बनीं रोल माॅडल

लखनऊ/अयोध्या( लाइव भारत 24)।  ‘कौन कहता है, आसमां में छेद नहीं हो सकता, एक पत्थर तो तबियत से उछालो यारों’ ये पंक्तियां चंद्रा गौतम पर बिल्कुल सटीक बैठती हैं। जिन्होंने अपनी कमी को अपनी हिम्मत बनाया और खुद को समाज में स्थापित कर दूसरों के लिये प्रेरणास्रोत बनीं। जीहां, चंद्रा एक ऐसी शख्सियत हैं जो आज किसी परिचय की मोहताज नहीं हैं। इन्होंने अपने दम पर समाज में  अपनी अलग पहचान बनाई है। चंद्रा का जन्म श्रीराम की नगरी अयोध्या में हुआ। इनके पिताजी दोनों आंखों से देख नहीं सकते। पारिवारिक आर्थिक परिस्थिति बहुत कमजोर थी। चंद्रा जन्म से  दिव्यांग हैं। जिसकी वजह से कई बार समाज में उनको ताने भी सुनने पड़े, लेकिन इन्होंने अपनी इस शारीरिक कमी को कभी कामयाबी के आड़े नहीं आने दिया। बल्कि इसी कमी को इन्होंने अपनी हिम्मत बनाया।
दिव्यांग होते हुए भी  2017 में मिस ग्लैमर बनीं। इन्हें 2018  में दिव्यांग श्री अवॉर्ड से नवाजा गया। चंद्रा का सफर यहीं समाप्त नहीं हुआ, बल्कि इस सफलता ने उनको आगे बढ़ने का हौसला दिया। उन्होंने खेलों में भी अपनी कामयाबी का परचम लहराया। चंद्रा व्हील चेयर बॉस्केटबॉल की राष्ट्रीय खिलाड़ी हैं। इन्होंने एथलेटिक्स में भी अपने राज्य का नाम रोशन किया है। ये दिव्यांग क्रिकेट की भी खिलाड़ी हैं। 2018 में चंद्रा को केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले ने सम्मानित किया। इतना ही नहीं, चंद्रा खेलों के साथ-साथ मॉडलिंग की दुनिया का भी चमकता सितारा भी बन चुकी हैं। चंद्रा अब तक लगभग 45 मॉडलिंग शो में भाग ले चुकी हैं। विपरीत परिस्थितियों के बावजूद अपनी अक्षमता को कदम-कदम पर मात देती रही हैं।
आज चंद्रा लोगों के लिए एक रोल मॉडल बन चुकी हैं। लोग इनकी प्रतिभा को देखकर अचंभित होते हैं और इनसे प्रेरणा लेते हैं।

 जैवलिन थ्रोअर संग लड़कियों के लिए बनीं रोल मॉडल :

जैवलिन थ्रोअर चंद्रा गौतम ने चार साल पहले संघर्ष शुरू किया था। आज वह एक पैरा गेम खिलाड़ी के रूप में लड़कियों के सामने रोल मॉडल बनकर सामने आई हैं। शॉटपुट व जैवलिन में गोल्ड मेडल जीतकर उन्होंने अपने परिवार के साथ ही देश का नाम भी रोशन किया। चंद्रा कहती हैं, मिस ग्लैमर इन इंडिया ऑनलाइन प्रतियोगिता 2020 में स्पेशल रोल मॉडल का प्रथम स्थान प्राप्त कर लड़कियों के लिए रोल मॉडल हूं। परिवार में आर्थिक दिक्कतों के साथ ही स्पोर्ट्स से जुड़कर अपना करियर शुरू किया। हाल ही में स्पेशल प्रोफेशनल मॉडल अवार्ड केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास अठावले से सम्मानित किया। 2018 में जय हिंद अवार्ड, दिव्यांगश्री अवार्ड से भी सम्मानित किया जा चुका है।

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